JAISHAL DHADVI PARKASH MALI LAYRICS

रामा मोरी रखियो अबके दोनों हाथ
और नहीं अब आसरो बाबा आप बिना 
अरे कमर कासी तलवार धाड़वी 
कमर कासी तलवार 
कोई सोहन कतरो हाथ में सालके रे। ...... 

आयो विकट तूफान पनहिहारा घड़ा फोडिया पनघट पे रे 
सब सु मिठो बोल सब सु मिठो बोल धाड़वी 

शामे मिल गई सांड भुरकी अणि ऊपर बेटो वाणियो लुतुलारे 
धन दौलत ले जा रे  धाड़वी 
धन दौलत ले जा रे  धाड़वी 

दुनिया में जीवतो छोड़ दे धडजा रे। 

लेवा मिनक न मार धाड़वी
लेवा मिनक न मार
 में जैसल कहिजु धाड़वी मानियोरो रे। 

 अरे बूढ़ा माँयार  बाप  धाड़वी  मारे 
 अरे बूढ़ा माँयार  बाप 
मारे छोटा छोटा बालका  नगरी माँ रे 


अरे कमर कासी तलवार धाड़वी 
कमर कासी तलवार 
कोई सोहन कतरो हाथ में सालके रे। ...... ००० 





टिप्पणी पोस्ट करें

0 टिप्पणियां